date_range 09 Jul, 2020

#Kanpur dehat राष्ट्रपति के गांव में काम धीमा होने पर हडको ने जताई आपत्ति


#Kanpur dehat
राष्ट्रपति के गांव में काम धीमा होने पर हडको ने जताई आपत्ति


कानपुर देहात में अफसरशाही की सुस्त रफ्तार के चलते महामहिम के पैतृक गांव को माडल बस्ती बनाने के कार्य पूरे नहीं हो पा रहे हैं। जबकि हडको द्वारा अनुदान के 17.50 लाख रुपये कई माह पहले जारी किये जा चुके हैं।

राष्ट्रपति रामनाथ कोविद के पैतृक गांव परौंख को नौ विभागों की योजनाओं से लैस कर माडल बस्ती के रूप में विकसित किया जाना है। हाउसिग एंड अर्बन डेवलपमेंट कारपोरेशन लिमिटेड (हडको) ने ग्राम पंचायत परौंख व उससे जुड़े छह मजरों की कुल 4360 आबादी क्षेत्र को मॉडल बस्ती के रूप में विकसित करने की योजना तैयार की थी। हडको ने केएफडब्ल्यू अनुदान के अंतर्गत बहुउद्देश्यीय हाल, मिलन घर, 36 नये हैंडपंपों का अधिष्ठापन, सोलर स्ट्रीट लाइट आदि कार्यों के लिए 70 लाख रुपये स्वीकृत कर दिये और बीती 29 जनवरी को 17.50 लाख रुपये की पहली किस्त भी जारी कर दी गई। परौंख में निर्माण कार्य के लिए लोक निर्माण विभाग निर्माण खंड-एक को कार्यदायी संस्था नामित किया गया है, लेकिन पीडब्ल्यूडी अधिकारियों की सुस्ती के चलते अधिकांश कार्य शुरू ही नहीं हो सके हैं। इसका खुलासा बीती 27 मार्च को हडको व पीडब्ल्यूडी अधिकारियों के संयुक्त निरीक्षण में हुआ। मौके पर सिर्फ मिलन घर पर ही कार्य प्रगति पर पाया गया। जबकि बहुउदेश्यीय भवन, बाहरी जल की आपूर्ति और जलनिकासी कार्य का निर्माण, सोलर लाइट तथा हैंडपंप अधिष्ठापन कार्य अभी तक शुरू नहीं हो सका है। राष्ट्रपति के गांव में कार्यों की सुस्ती पर हडको के महाप्रबंधक राहुल श्रीवास्तव ने डीएम को पत्र भेजकर बताया है कि अनुबंध के आधार पर कार्यों को निर्धारित समय सीमा के अंदर किया जाना है, लेकिन प्रगति धीमी है, जिससे दूसरी किस्त जारी नहीं हो पा रही है। लोकसभा चुनाव के लिए अधीनस्थ अधिकारी व कर्मियों की ड्यूटी लगा दी गई है। इस बावत डीएम को जानकारी दी गई है। कार्यो को समय से पूरा कराने का प्रयास किया जा रहा है।
रिपोर्ट-संजीव शुक्ला-कानपुर देहात

Write your comment

add