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नेतन्याहू को झटका, अरब पार्टियों के समर्थन से अब ये बन सकते हैं इसराइल के नए पीएम

New Delhi, November 6, 2026: नेतन्याहू को झटका, अरब पार्टियों के समर्थन से अब ये बन सकते हैं इसराइल के नए पीएम. The source note says: साइन इन BBC News, हिंदी सामग्री को स्किप करें होम पेज देखिए सुनिए…

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Image Credit: Instafeed Desk
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By Pandey Gaurav | Mumbai, Maharashtra | Politics - 06 November 2026

New Delhi, November 6, 2026: नेतन्याहू को झटका, अरब पार्टियों के समर्थन से अब ये बन सकते हैं इसराइल के नए पीएम.

The source note says: साइन इन BBC News, हिंदी सामग्री को स्किप करें होम पेज देखिए सुनिए मेरी ख़बरें सेक्शन होम पेज भारत विदेश हेल्थ मनोरंजन करियर फ़ाइनेंस खेल विज्ञान-टेक्नॉलॉजी भारत विदेश हेल्थ मनोरंजन करियर फ़ाइनेंस खेल विज्ञान-टेक्नॉलॉजी नेतन्याहू को झटका, अरब पार्टियों के समर्थन से अब ये बन सकते हैं इसराइल के नए पीएम इमेज स्रोत, Getty Images

The source note says: लोड हो रहा है लोड हो रहा है इसराइल में नई सरकार के गठन को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज़ हो गई हैं. पूर्व सेना प्रमुख और विपक्षी नेता गादी आइज़नकोट को अरब पार्टियों का समर्थन मिलने के बाद सत्ता का समीकरण बदलता नज़र आ रहा है.

The source note says: न्यूज़ एजेंसी पीटीआई के मुताबिक़ , गुरुवार को राष्ट्रपति इसाक हर्ज़ोग के साथ राजनीतिक दलों की सलाह-मशविरा प्रक्रिया के दौरान अरब दलों ने आइज़नकोट को समर्थन देने का एलान किया.

The source note says: इसराइल की 120 सदस्यीय संसद में सरकार बनाने के लिए 61 सांसदों का समर्थन ज़रूरी है. अरब दलों के पास 19 सीटें हैं. उनके समर्थन के बाद आइज़नकोट के पक्ष में 67 सांसदों का समर्थन होने का अनुमान है, जो बहुमत के आंकड़े से 6 अधिक है.

The source note says: वहीं, मौजूदा प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू को बड़ा झटका लगा है, उनके पुरानी सहयोगी अति-रूढ़िवादी पार्टी यूनाइटेड टोरा जूडिज्म (यूटीजे) के एक धड़े ने भी उन्हें समर्थन देने से इनकार कर दिया है.

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The source note says: राम पार्टी के नेता मंसूर अब्बास ने गुरुवार को आइज़नकोट को समर्थन देने की घोषणा की.

The source note says: उनकी पार्टी के पास आठ सीटें हैं. इस दौरान अब्बास ने 'टू स्टेट सोल्यूशन' और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के गज़ा प्लान के लिए अपना समर्थन भी दोहराया. उन्होंने हमास समेत सभी सैन्य और सशस्त्र संगठनों को निरस्त्र करने की मांग की.

The source note says: राम पार्टी इससे पहले नफ्ताली बेनेट के नेतृत्व वाली सरकार को भी बाहर से समर्थन दे चुकी है.

The source note says: 11 सीटों वाले दूसरे प्रमुख अरब राजनीतिक समूह जॉइंट लिस्ट ने भी आइज़नकोट को समर्थन देने का फ़ैसला किया है. पार्टी ने अपने इस निर्णय को नेतन्याहू सरकार को सत्ता से हटाने के लिए 'ख़राब और बेहद ख़राब विकल्प' के बीच चुनाव बताया .

The source note says: जॉइंट लिस्ट के अध्यक्ष यूसुफ़ जबारीन ने कहा कि उनके प्रतिनिधिमंडल का फ़ैसला अरब मतदाताओं की बदलाव की मांग को दर्शाता है.

The source note says: उन्होंने मौजूदा सरकार के कार्यकाल में 'अरब नागरिकों को नस्लवाद, भेदभाव, अपराध और राजनीतिक-सामाजिक बहिष्कार जैसी समस्याओं का सामना' करने का आरोप लगाया.

The source note says: जबारीन ने कहा, "अरब समुदाय के लोगों ने बदलाव की उम्मीद के साथ बड़ी संख्या में मतदान किया है. हालांकि, आइज़नकोट के साथ उनका कई मुद्दों पर मतभेद है."

The source note says: इनमें आइज़नकोट के राजनीतिक रुख़ और चुनाव प्रचार के दौरान अरब नागरिकों के ख़िलाफ़ कथित भड़काऊ बयानों पर उनका कड़ा रुख़ नहीं अपनाना शामिल है.

Source: Instafeed Desk.

Photo: JJ Harrison ( https://www.jjharrison.com.au/ ), Wikimedia Commons, CC BY-SA 3.0

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